- बैंक ऑफ़ बड़ौदा का बॉब डिजी उद्यम प्लेटफॉर्म विभिन्न क्षेत्रों के सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए ऋण एक्सेस में वृद्धि कर रहा है।
- डिजिटल-फर्स्ट दृष्टिकोण बना रहा है त्वरित अनुमोदन और बाधारहित ऋण संवितरण को संभव।
वित्तीय समावेशन और डिजिटल ऋण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए, बैंक ऑफ़ बड़ौदा का नवोन्मेषी बॉब डिजी उद्यम प्लेटफॉर्म भारत में सूक्ष्म और लघु उद्यमों(एमएसई) के लिए कार्यशील पूंजी प्राप्त करने के तरीके में एक क्रांतिकारी परिवर्तन ला रहा है। बॉब डिजी उद्यम एक डिजिटल, कोलेटरल-मुक्त, नकदी प्रवाह आधारित ऋण प्लेटफॉर्म है जो बैंक ऑफ़ बड़ौदा के नए और मौजूदा एमएसई ग्राहकों को ₹10 लाख से ₹50 लाख तक के कार्यशील पूंजी ऋण तक त्वरित और आसान एक्सेस प्रदान करता है। यह योजना उद्यमों के डिजिटल फुटप्रिंट का लाभ उठाकर एक स्वचालित जोखिम-आधारित स्कोरकार्ड तैयार करती है, जिससे यह ऋण मूल्यांकन में तेज़ी लाते हुए मिनटों के भीतर प्रोविज़नल स्वीकृति प्रदान करती है, इससे ऋण प्रोसेसिंग में लगने वाले समय में कमी आ रही है।
बॉब डिजी उद्यम 12 महीने तक की अवधि के लिए कैश क्रेडिट और ओवरड्राफ्ट सुविधाएं प्रदान कर रहा है, ये ऋण सीजीटीएमएसई के तहत कवर होते हैं, जिससे कोलेटरल की आवश्यकता समाप्त हो जाती है और एमएसई के लिए औपचारिक फायनांस तक एक्सेस सरल हो जाता है।
इंदौर की दो प्रेरक सफलता की कहानियां बताती हैं कि किस प्रकार यह डिजिटल-फर्स्ट ऋण समाधान छोटे व्यवसायों के लिए वरदान सिद्ध हो रहे हैं:-
केआरएस एंटरप्राइज़ेज: निधि की कमी से व्यवसाय के विस्तार तक
केआरएस एंटरप्राइज़ेज को कई लघु एवं मध्यम उद्यमों की तरह ही एक आम चुनौती का सामना करना पड़ा: ग्राहकों से अनुकूल ऋण भुगतान शर्तों पर ऑर्डर प्राप्त करना, एक ऐसी आवश्यकता जिसके लिए पर्याप्त कार्यशील पूंजी लिक्विडिटी की आवश्यकता होती थी और कंपनी की अपने व्यवसाय को बढ़ाने की क्षमता सीमित हो जाती थी।
जब कंपनी ने बैंक ऑफ़ बड़ौदा के बॉब डिजी उद्यम प्लेटफॉर्म का सहारा लिया, तो यह अनुभव उनके कारोबार में बदलाव लेकर आया। डिजिटल-फर्स्ट दृष्टिकोण ने सुचारू और तेज प्रक्रिया को सक्षम बनाया।
कंपनी को 50 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत किया गया, जिससे कंपनी को कंपनी को तत्काल आवश्यकताओं के लिए ज़रूरी धनराशि प्राप्त हुई। केआरएस एंटरप्राइज़ेज ने इस धनराशि का कुशलता से व्यावसायिक उधार और इन्वेंट्री में निवेश किया, जिससे कंपनी को कॉर्पोरेट ग्राहकों के साथ अतिरिक्त व्यावसायिक अवसरों का लाभ उठाने में मदद मिली।
सुश्री श्वेता सिंह, प्रोप्राइटर, केआरएस एंटरप्राइज़ेज ने कहा, “बॉब डिजी उद्यम ने हमारे व्यवसाय को बढ़ाने में हमारी मदद की। इसने संभावित व्यावसायिक अवसरों का लाभ उठाने के लिए हमारी परिचालनगत सुविधा को भी बढ़ाया है। बैंक अधिकारी भी बहुत पेशेवर और पारदर्शी थे जिससे पूरी प्रक्रिया हमारे लिए बाधा रहित रही।”
जेएमके एंटरप्राइज़ेज : सुव्यवस्थित संचालन और बेहतर लिक्विडिटी
जेएमके एंटरप्राइज़ेज को तीन महत्वपूर्ण चुनौतियों का सामना करना पड़ा: दिन-प्रतिदिन के परिचालन के लिए कार्यशील पूंजी की कमी, परिचालन हेतु कैश फ़्लो के प्रबंधन में कठिनाई और पारंपरिक बैंकिंग प्रक्रियाओं के माध्यम से समय पर ऋण प्राप्त करने में देरी।
बॉब डिजी उद्यम के माध्यम से त्वरित और बाधारहित डिजिटल आवेदन, त्वरित प्रोसेसिंग और अनुमोदन, आसान दस्तावेज़ीकरण, पारदर्शी पत्राचार और उपयोग में सुलभता जेएमके एंटरप्राइज़ेज के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुई।
कंपनी को बॉब डिजी उद्यम योजना के तहत 50 लाख रुपये की ओवरड्राफ्ट सीमा का अनुमोदन मिला जिसका उपयोग कंपनी कार्यशील पूंजी की आवश्यकताओं, प्राप्तियों और कैश फ़्लो के कुशल प्रबंधन और दैनिक व्यावसायिक कार्यों के सुचारू संचालन के लिए कर रही है।
इसके अतिरिक्त, इंदौर में स्थित बैंक ऑफ़ बड़ौदा की सियागंज शाखा ने निरंतर सहयोग प्रदान किया, हर चरण में ग्राहक का मार्गदर्शन किया और पूरी प्रक्रिया को बहुत सुचारू और कुशल बनाया।
जेएमके एंटरप्राइज़ेज के साझेदार, आशीष चौरसिया ने कहा, “बॉब डिजी उद्यम सुविधा के कारण, हमारे कार्यशील पूंजी सायकल में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, लिक्विडिटी बेहतर हुई है और दैनिक परिचालन अधिक सुचारू हो गया है। हम नए ऑर्डर लेने और अवसरों का लाभ उठाने के लिए बेहतर स्थिति में हैं। समग्र व्यावसायिक दक्षता में वृद्धि हुई है। बॉब डिजी उद्यम का हमारे वित्तीय परिचालन और व्यावसायिक विकास पर एक सुदृढ़ और सकारात्मक प्रभाव पड़ा है।”
बॉब डिजी उद्यम के साथ, बैंक ऑफ़ बड़ौदा न केवल ऋण प्रदान कर रहा है, बल्कि पूरे भारत में छोटे व्यवसायों के लिए एक विश्वसनीय साझेदार बन रहा है और उन्हें देश के आर्थिक विकास में वृद्धि तथा योगदान करने में मदद कर रहा है।