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आपके अपने शहर से दुनिया के हर गंतव्य की यात्रा अब होगी आसानः एअर इंडिया ने शुरू कीं ‘ईज़ी कनेक्ट’ उड़ानें, 25 जून को वाराणसी से होगी शुरुआत

आपके अपने शहर से दुनिया के हर गंतव्य की यात्रा अब होगी आसानः एअर इंडिया ने शुरू कीं ‘ईज़ी कनेक्ट’ उड़ानें, 25 जून को वाराणसी से होगी शुरुआत

o   25 जून को वाराणसी से एअर इंडिया कीईज़ी कनेक्टउड़ानों की शुरुआत होगी

o   यूरोप, पश्चिम एशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया जाने वाली उड़ानों के लिए वाराणसी में ही चेक-इन और इमिग्रेशन की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी

गुरुग्राम : एअर इंडिया ने आज भारत सरकार के हब-एंड-स्पोकमॉडल के तहत अपनी पहली उड़ानों के लिए बुकिंग शुरू कर दी है। इन्हेंईज़ी कनेक्टउड़ानों के रूप में पेश किया जा रहा है। इससे बड़े हब से दूर के शहरों के यात्री अपने शुरुआती एयरपोर्ट पर ही सामान जमा कर सकेंगे और इमिग्रेशन की प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे, इस तरह दुनिया भर के गंतव्यों तक उनकी यात्रा बेहद आसान हो जाएगी।

एअर इंडिया की नई ईज़ी कनेक्ट उड़ानें 25 जून 2026 कोे वाराणसी से शुरू होंगी। इस बदलावकारी मॉडल को लागू करने में मुख्य भूमिका निभाते हुए, एअर इंडिया आने वाले महीनों में कई शहरों में ईज़ी कनेक्ट उड़ानों को चरणबद्ध तरीके से शुरू करेगी। इसका उद्देश्य भारत के टियर-2 और टियर-3 शहरों से बड़े पैमाने पर आसान इंटरनेशनल कनेक्टिविटी उपलब्ध कराना है।

 यात्रियों के लिएहब-एंड-स्पोकउड़ानों का क्या अर्थ है?

हब-एंड-स्पोक मॉडल के तहत, वाराणसी जैसेस्पोकशहरों को दिल्ली जैसे बड़ेहबएयरपोर्ट्स से जोड़ा जाता है, जहाँ से यात्री आसानी से एअर इंडिया के बड़े ग्लोबल नेटवर्क का एक्सेस पा सकते हैं। इस छोटे शहरों के यात्री एक ही हब के ज़रिए कई अंतर्राष्ट्रीय गंतव्य तक आसानी से पहुँच सकते हैं; साथ ही, उन्हें बेहतर शेड्यूल और आसान ट्रांज़िट का अनुभव भी मिलता है।

उद्योग जगत के हितधारकों के साथ मिलकर एअर इंडिया द्वारा तैयार और लागू किए गए मॉडल का उद्देश्य अंतर्राष्ट्रीय यात्रा के अनुभव को सहज और आसान बनाना हैः

o   आखिरी गंतव्य तक सीधे चेक-इनः वाराणसी जैसे टियर 2 और टियर 3 शहरों से यात्रा करने वाले यात्री अपने होम एयरपोर्ट पर ही आखिरी अंतर्राष्ट्रीय गंतव्य तक के लिए चेक-इन कर सकते हैं। उन्हें हब एयरपोर्ट (जैसे दिल्ली) पर अपना सामान लेने या दोबारा चेक-इन करने की ज़रूरत नहीं होगी।

o   शुरुआती एयरपोर्ट पर ही इमिग्रेशनः यात्री अपने शुरुआती एयरपोर्ट पर ही इंटरनेशनल इमिग्रेशन की प्रक्रिया पूरी कर लेंगे, जिससे उन्हें हब पर लंबी कतारों में लगने और प्रोसेसिंग की ज़रूरत नहीं पड़ेगी।

o   हबएयरपोर्ट के ज़रिए अतर्राष्ट्रीय यात्रा होगी आसानः यात्री अंतराष्ट्रीय यात्री की तरह दिल्ली जैसे हब एयरपोर्ट से होकर निकलेंगे, जिससे कनेक्टिंग फ़्लाइट पकड़ना तेज़ और ज़्यादा आसान हो जाएगा।

 महत्वपूर्ण तथय यह है कि यात्रियों को भारत में यात्रा का जाना-पहचाना और आरामदायक अनुभवी मिलेगा और उन्हें विदेशी हब एयरपोर्ट से गुज़रने में होने वाली मुश्किलों और अनजान माहौल का सामना नहीं करना पड़ेगा।

वाराणसी से दुनिया भर के लिएईज़ी कनेक्टउड़ानें

वाराणसी से दिल्ली के लिए ईज़ी कनेक्ट फ़्लाइट का संचालन रोज़ाना एआई 1111 के द्वारा होगा। दिल्ली पहुँचने के चार घंटे के भीतर, यह उड़ान लंदन हीथ्रो, फ्रैंकफ़र्ट, मिलान, रोम, ज़्युरिख, मनीला, सिंगापुर, फुकेत, कुआलालंपुर, रियाद और दुबई समेत 17 अंतर्राष्ट्रीय गंतव्यों के लिए आसानी से कनेक्टिंग उड़ानें उपलब्ध कराएगी।

दूसरेस्पोकहवाई अड्डों सेहब-एंड-स्पोकसंचालन वालीईज़ी कनेक्टउड़ानों को एआई11एक्सएक्स सीरीज़ में नंबर दिया जाएगा, जिससे इन सेवाओं की एक अलग नेटवर्क पहचान बनेगी।

  एअर इंडिया में गवर्नेंस, रिस्क, कंप्लायंस और कॉर्पोरेट अफेयर्स के ग्रुप हैड, पी. बालाजी ने कहा, “हब-एंड-स्पोक मॉडल को सफलतापूर्वक लागू करने के लिए एयरलाइन्स, एयरपोर्ट्स और कई सरकारी एजेंसियों के बीच तालमेल की ज़रूरत है। हमें एजेन्सियों से जो सहयोग मिला है, हम उसके लिए आभारी हैं। एअर इंडिया चरणबद्ध तरीके से इस मॉडल को कई और शहरों में विस्तारित करने के लिए उद्योग जगत के हितधारकों और भारत सरकार के साथ मिलकर काम कर रही है। हम सब मिलकर भारत के लिए एक अधिक प्रभावी, इंटीग्रेटेड और विश्वस्तर पर प्रतिस्पर्धी एविएशन इकोसिस्टम बना रहे हैं।

आने वाले महीनों में इस मॉडल को चरणबद्ध तरीके से कई और शहरों तक बढ़ाया जाएगा। एअर इंडिया इस नेक्स्ट-जेनरेशन कनेक्टिविटी मॉडल को लागू करने में अग्रणी भूमिका निभा रही है।

नए हब-एंड-स्पोक मॉडल के तहत एअर इंडिया की ईज़ी कनेक्ट उड़ानों के लिए बुकिंग अब सभी चैनलों पर शुरू हो गई है, जिसमें एअर इंडिया की वेबसाइट, मोबाइल ऐप, कॉन्टैक्ट सेंटर और ट्रैवल एजेंट्स शामिल हैं।   

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