लोकप्रिय गायक अरिजीत सिंह ने ऐलान किया है कि वह अब फिल्मों के लिए नए प्लेबैक सिंगिंग प्रोजेक्ट्स नहीं लेंगे। उन्होंने यह जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की, जिससे उनके फैंस और म्यूजिक इंडस्ट्री दोनों चौंक गए।
अपने संदेश में अरिजीत ने वर्षों से मिले प्यार और समर्थन के लिए श्रोताओं का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि प्लेबैक सिंगर के तौर पर उनका सफर बहुत खास और संतोषजनक रहा है। उन्होंने साफ किया कि यह फैसला पूरी तरह निजी है और इसके पीछे कोई एक वजह नहीं है।
अरिजीत ने यह भी कहा कि वह अपने पहले से किए गए सभी गानों के कमिटमेंट पूरे करेंगे, इसके बाद ही फिल्मों के लिए प्लेबैक सिंगिंग से दूरी बनाएंगे। उन्होंने यह भी जोड़ा कि संगीत हमेशा उनके जीवन का हिस्सा रहेगा, बस उसका रूप बदल सकता है। वह आगे भी स्वतंत्र रूप से संगीत बनाने और नए रचनात्मक रास्तों को तलाशने की योजना बना रहे हैं।
निर्देशन और प्रोडक्शन की ओर रुझान
प्लेबैक सिंगिंग से हटने के ऐलान के बाद रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि अरिजीत अब फिल्म निर्देशन पर ध्यान देने वाले हैं। सूत्रों के मुताबिक, वह फुल-टाइम तौर पर निर्देशन और प्रोडक्शन में सक्रिय होना चाहते हैं। यह उनके करियर का एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
अरिजीत फिल्ममेकिंग में नए नहीं हैं। इससे पहले वह कुछ बंगाली फिल्मों और प्रोजेक्ट्स का निर्देशन कर चुके हैं, जिससे उन्हें कैमरे के पीछे काम करने का अनुभव मिला है। इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि अरिजीत अब अपनी सोच और शैली के अनुसार कहानियां कहना चाहते हैं।
आगामी फिल्म प्रोजेक्ट्स
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अरिजीत एक ऐसी फिल्म का निर्देशन कर सकते हैं जिसमें नवाज़ुद्दीन सिद्दीकी की बेटी नजर आ सकती हैं। एक और प्रोजेक्ट में वह अपने खुद के बेटे को लेकर फिल्म प्रोड्यूस कर सकते हैं। हालांकि, इन दोनों ही प्रोजेक्ट्स को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
सूत्रों का कहना है कि अरिजीत फिलहाल कहानियों को बहुत सोच-समझकर चुन रहे हैं। वह व्यावसायिक दबाव से दूर रहकर रचनात्मकता पर ज्यादा ध्यान देना चाहते हैं।
इंडस्ट्री और फैंस की प्रतिक्रिया
इस ऐलान के बाद फैंस भावुक हो गए हैं, क्योंकि अरिजीत की आवाज ने एक पूरी पीढ़ी को भावनात्मक रूप से जोड़ा है। तुम ही हो, छन्ना मेरेया और राब्ता जैसे गाने आज भी लोगों के दिलों में बसे हुए हैं।
कई गायकों और फिल्मी सितारों ने अरिजीत की ईमानदारी और रचनात्मक साहस की तारीफ की है। कुछ लोगों ने इसे रिटायरमेंट नहीं, बल्कि उनके करियर का एक नया और रोमांचक दौर बताया है।
अरिजीत ने खुद कहा है कि यह किसी अंत की शुरुआत नहीं है, बल्कि एक नई शुरुआत है। उनके मुताबिक, रचनात्मक विकास के लिए बदलाव जरूरी होता है।