मुंबई : अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर इंडसइंड जनरल इंश्योरेंस ने
कहा कि बीमा समाधान ऐसे होने चाहिए जो महिलाओं की बदलती भूमिकाओं को बेहतर ढंग से
दर्शाएँ। आज महिलाएँ उद्यमी, पेशेवर और वित्तीय निर्णय
लेने वाले व्यक्ति के रूप में बड़ी भूमिका निभा रही
हैं। कंपनी ने इस बात पर जोर दिया कि सुरक्षा योजनाएँ महिलाओं की वास्तविक जीवन
यात्रा और उनकी बढ़ती आर्थिक भागीदारी के अनुरूप तैयार की जानी चाहिए।
इस मौके पर टिप्पणी करते हुए, इंडसइंड जनरल इंश्योरेंस के सीईओ, श्री राकेश जैन
ने कहा:
“अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस
हमें यह याद दिलाता है कि आज महिलाएँ केवल भारत की विकास यात्रा में भागीदार नहीं
हैं, बल्कि उद्यमी, पेशेवर और
परिवारों में वित्तीय निर्णय लेने वाले व्यक्ति के रूप
में उसकी प्रमुख निर्माताओं में भी शामिल हैं। फिर भी जब सुरक्षा की बात आती है, तो कई बीमा समाधान अभी भी ऐसे मानकों पर आधारित हैं जो एक जैसे जोखिम
और सीधी करियर यात्रा को मानकर बनाए गए हैं।
वास्तव
में उद्योग के लिए सबसे बड़ा अवसर ऐसी सुरक्षा योजनाएँ तैयार करना है जो यह दिखाएँ
कि आज महिलाएँ वास्तव में कैसे जीती और काम करती हैं। जैसे-जैसे अधिक महिलाएँ
कार्यबल में शामिल हो रही हैं, अपने उद्यम स्थापित कर रही हैं और
डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ रही हैं, वैसे-वैसे बीमा को भी
अधिक व्यक्तिगत और लचीले समाधानों की दिशा में विकसित होना चाहिए। इसमें ऐसी सुरक्षा शामिल है जो रोकथाम
आधारित स्वास्थ्य देखभाल का समर्थन करे, जीवन के विभिन्न चरणों
में होने वाले बदलावों को समझे और काम व आय के गैर-पारंपरिक या असमान पैटर्न को भी
ध्यान में रखे।
जब
सुरक्षा योजनाएँ महिलाओं के वास्तविक जीवन के अनुभवों को ध्यान में रखकर तैयार की
जाती हैं,
तब बीमा केवल एक प्रोडक्ट नहीं
रहता,
बल्कि महिलाओं और उनके परिवारों के लिए आर्थिक मजबूती और
आत्मविश्वास बढ़ाने का माध्यम बन जाता है।”